सदा शिव की भक्ति से कल्याण की प्राप्ति होती है- कैलाश मंथन
महाशिवरात्रि पर होगा 108 मंदिरों में महारूद्राभिषेक
सदा शिव की भक्ति से कल्याण की प्राप्ति होती है- कैलाश मंथन
गुना। महाशिवरात्रि के तहत अंचल के प्राचीन शिव मंदिरों में भव्य कार्यक्रम, रात्रि जागरण, संकीर्तन, अभिषेक, व्याख्यान, भंडारा प्रसादी वितरण आदि कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। विराट हिन्दू उत्सव समिति के प्रमुख कैलाश मंथन ने बताया कि महाशिवरात्रि के अवसर पर मध्य क्षेत्र के 108 प्रमुख शिव मंदिरों, प्राचीन सिद्ध स्थलों पर रूद्राभिषेक सहित संकीर्तन, रात्रि जागरण, प्रसादी वितरण आदि कार्य आयोजित किए जा रहे हैं। अंचल के प्राचीन स्थलों केदारनाथ धाम , बाघ बागेश्वर चांचौडा, मुहालपुर एवं चांदोल पचमढ़ी गुफाओं सहित प्रमुख शिव मंदिरों पर विराट हिंदू उत्सव समिति के तहत रुद्राभिषेक एवं विशेष संकीर्तन सभाएं आयोजित की जा रही हैं। हिउस अध्यक्ष कैलाश मंथन केदारनाथ में आयोजित बैठक में कहा सदाशिव की भक्ति से कल्याण की प्राप्ति होती है। संपूर्ण सनातन धर्माबलंबी प्रार्थना आरती के पश्चात धर्म की जयकार करते हुए विश्व का कल्याण हो, हर-हर महादेव का उद्घोष करते हैं। प्रमुख शिव मंदिरों पर इस वर्ष प्रसादी वितरण एवं नाम संकीर्तन के कार्यक्रम रखे गए हैं। जिले के प्राचीन स्थल केदारनाथ में प्रशासन वन विभाग की मनमानी के चलते महाशिवरात्रि पर लगने वाले मेले पर ग्रहण का ताला लग गया है चट्टान में दरार के चलते पिछले 1 साल से भोलेनाथ के दर्शनों पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। विराट हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष कैलाश मंथन ने कहा कि अनेक वर्षों से केदारनाथ की पहाड़ियों में दरार की शिकायतें प्राप्त हुई लेकिन वन विभाग एवं जिला प्रशासन द्वारा केदारनाथ घाटी में स्थित भोलेनाथ के मंदिर तक जाने के लिए कोई वैकल्पिक मार्ग नहीं बनाया गया ।जबकि करीब 3 लाख श्रद्धालु प्रतिवर्ष केदारनाथ दर्शन को पहुंचते हैं ।इस वर्ष लाखों शिव भक्तों को शिवरात्रि महापर्व के आनंद से वंचित होना पड़ा है ,जबकि इसी वर्ष कुंभ का महायोग भी है जिला प्रशासन को अविलंब केदारनाथ के कालाकुंड स्थित पीछे वाले रास्ते से वैकल्पिक मार्ग निर्माण किया जाना चाहिए ताकि भविष्य में भोलेनाथ के दर्शन से वंचित न रह सके । हिउस प्रमुख कैलाश मंथन ने कहा मंदिरों पर उमडने वाली भक्तों की भारी भीड़ को देखते हुए जिला मुख्यालय सहित प्राचीन स्थलों पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था ,नियमित विद्युत सप्लाई, पीने के पानी की निरंतर व्यवस्था एवं साफ सफाई पर विशेष ध्यान देना चाहिए।
मुहालपुर एवं केदारनाथ को पर्यटन स्थल का दर्जा मिले
हिउस प्रमुख कैलाश मंथन ने बताया कि पिछले एक दशक से केदारनाथ को विशेष पर्यटन स्थल बनाए जाने की मांग प्रदेश सरकार , से की जा रही है ।जिला मुख्यालय से करीब 30 किमी दूर केदारनाथ में वन विभाग विशेष उद्यान, बाउण्ड्रीवॉल, भक्तों के बैठने एवं ठहरने के लिए विशेष भवन बनवा रहा है। पर्यटन स्थल की सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने का भरोसा प्रशासन, वन विभाग ने दिया है। लेकिन घाटी में जाने वाले मार्ग पर चट्टान खिसकने के खतरे को देखते हुए केदारनाथ धाम में दर्शकों की बढ़ती हुई भीड़ को देखते हुए दर्शनों को बंद किया जान चिंता का विषय है। ध्यान रहे विराट हिन्दू उत्सव समिति प्रमुख कैलाश मंथन पिछले अनेक वर्षों से केदारनाथ, मालपुर, निहालदेवी, बजरंगगढ़, बीस भुजा भवानी, चांचौड़ा आदि क्षेत्रों को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की मांग कर चुके हैं।*
मेले के लेकर प्रशासन सतर्क
केदारनाथ एवं अन्य भीड़ वाले इलाकों में महाशिवरात्रि पर विशेैष सुरक्षा किया जाना जरूरी है ।जिला प्रशासन एवं पुलिस के प्रमुख अधिकारियों ने केदारनाथ क्षेत्र का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।




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